मेरठ 11 फरवरी (प्र)। दिल्ली के कंस्टीट्यूशन क्लब आफ इंडिया में मुक्त व्यापार समझौता को लेकर हुई सेमिनार में जनपद के भाकियू कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल हुए। इससे पहले वे कांशी टोल प्लाजा पर एकत्र हुए और अपनी-अपनी कारों से दिल्ली रवाना हुए। इस दौरान मुजफ्फरनगर से किसान नेता राकेश टिकैत भी टोल पर पहुंचे और कहा कि इस समझौते का वह विरोध करते हैं। इसलिए सभी जनपदों में 12 फरवरी को कलक्ट्रेट का घेराव किया जाएगा।
जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने बताया कि दिल्ली के कंस्टीट्यूशन क्लब आफ इंडिया में पहुंचकर मेरठ निवासी बुजुर्ग किसान मेजर चिंदौड़ी की अध्यक्षता में मुक्त व्यापार समझौते ट्रेड डील पर विस्तार से चर्चा हुई। सेमिनार में कहा गया कि यदि यह समझौता हुआ तो खेती संकट में आ जाएगी। चर्चा के दौरान इस समझौते का विरोध करने का निर्णय लिया गया।
इस दौरान चौधरी राकेश टिकैत, सुधाकर सिंह, युद्धवीर सिंह, सुमन सहाय आदि किसान नेताओं ने इस विषय पर चर्चा करते हुए कहा कि यह किसानों के हित में नहीं होगा। जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने बताया कि सरकार लगातार ऐसी नीतियां बना रही है, जिससे किसान बर्बाद हो जाएगा। सेमिनार में स्थानीय अधिकारियों के बारे में कहा गया कि तहसीलों में भ्रष्टाचार चरम सीमा पर पहुंच गया है। कोई सुनने वाला नहीं है। 12 फरवरी को बिजली, तहसील और अन्य समस्याओं पर भी जिला प्रशासन से बात होगी। हर्ष, बबलू, सनी, मेजर, भोपाल, सत्यवीर मौजूद रहे।
क्या है मुक्त व्यापार समझौता
दो या दो से अधिक देशों के बीच होने वाली एक ऐसी संधि है, जिसके तहत वे वस्तुओं और सेवाओं के आपसी आयात-निर्यात पर लगने वाले सीमा शुल्क ( टैरिफ), कोटा और अन्य व्यापारिक बाधाओं को कम या पूरी तरह समाप्त कर देते हैं। इसका मुख्य उद्देश्य आपसी व्यापार को सस्ता और सरल बनाना है।
