मेरठ 27 फरवरी (प्र)। नमो भारत या मेट्रो में सफर के दौरान या स्टेशन पर कहीं शराब पीकर उत्पात मचाने, धूमपान करने, गुटखा पान खाकर थूकने और गंदगी फैलाने पर जुर्माना भरना पड़ेगा।
यात्रा करने से स्टेशन परिसर तक यात्री हर समय सीसीटीवी की निगरानी में हैं। नियमों का उल्लंघन करते देख स्टाफ यात्रियों को रोककर जुर्माना वसूल सकता है। जुर्माना न भरने की सूरत में उसे पुलिस के हवाले कर दिया जाएगा।
यात्री इन नियमों पर भी दें ध्यान
अपराध की श्रेणी जुर्माना व सजा
थूकने पर 200 रुपये
गंदगी फैलाने पर 200 रुपये
धूमपान करने पर 500 रुपये
शराब पीकर उत्पात मचाने पर 500 रुपये
खतरनाक सामग्री ले जाना या ले जाने का कारण बनना 5000 रुपये और चार साल का कारावास
आपत्तिजनक सामग्री ले जाना या ले जाने का कारण बनना 500 रुपये और किसी भी नुकसान के लिए जिम्मेदार होंगे
स्टेशन परिसर में किसी भी प्रकार के प्रदर्शन पर 1000 रुपये और छह महीने का कारावास
कोच या परिसर में पोस्टर चिपकाने व चित्र बनाने पर 1000 रुपये और छह महीने का कारावास
ट्रेन की छत पर यात्रा 5000 रुपये
मेट्रो स्टेशन पर अवैध तरीके से प्रवेश 250 रुपये और तीन महीने का कारावास
बिना वैध अनुमति के ट्रैक पर चलना 500 रुपये और छह माह तक का कारावास
ट्रेन के परिचालन में बाधा डालना 5000 रुपये और चार साल का कारावास
मेटो रेलवे अधिकारियों के कार्य में बाधा डालना 1000 रुपये और एक साल का कारावास
अलार्म बेल का दुरुपयोग करना 10 हजार रुपये
दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से ट्रेन में तोड़फोड़ करना आजीवन या 10 वर्ष की कठोर कारावास
टिकटों की अनाधिकृत बिक्री करना 500 रुपये जुर्माना या तीन महीने का कारावास
नमो भारत मेट्रो की संपत्ति को क्षति पहुंचाना 10 साल का कारावास
यदि यात्री टिकट लेकर क्यूआर कोड स्कैन करके समान स्टेशन से प्रवेश और निकास करते हैं तो उसे यह काम 20 मिनट के भीतर पूरा करना होगा, अन्यथा प्रति घंटे के हिसाब से 60 रुपये का जुर्माना लगेगा।
यदि यात्री प्रवेश और निकास अलग-अलग स्टेशनों से करते हैं तो उसे अपनी यात्रा 180 मिनट के भीतर पूरी करनी होगी, अन्यथा 60 रुपये प्रति घंटे के हिसाब से जुर्माना लगेगा।
एनसीआरटीसी मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पुनीत वत्स का कहना है कि मेट्रो रेलवे (परिचालन और (अनुरक्षण) अधिनियम 2002 के तहत अपराध की श्रेणी और अर्थदंड निर्धारित हैं। उल्लंघन करने पर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
