मेरठ 13 अप्रैल (प्र)। वेदव्यासपुरी के विजय चौक स्थित रिद्धि नशा मुक्ति केंद्र पर शनिवार की आधी रात को रुपयों के लेन-देन के विवाद में रिटायर्ड फौजी ने अपने लगभग एक दर्जन साथियों के साथ धावा बोलकर लाइसेंसी पिस्टल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। फायरिंग के क्षेत्र में दहशत फैल गई। सूचना पर पहुंची टीपी नगर थाना पुलिस ने रिटायर्ड फौजी समेत दस हमलावरों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने रिटायर्ड फौजी से एक लाइसेंसी पिस्टल, आठ खोखा कारतूस तथा दो स्कॉर्पियो कार बरामद की हैं।
वेदव्यासपुरी के विजय चौक निवासी विकास पुत्र सुनील अपने साथी आयुष के साथ रिद्धि नशा मुक्ति केंद्र का संचालन करते हैं। आयुष के मोनू उर्फ अंकित चौधरी पुत्र वीरेंद्र निवासी ग्राम किठौली, थाना जानी पर 70 हजार रुपये हैं। आयुष ने मोनू से शनिवार की देर शाम रुपयों का तगादा किया था। इस पर उनके बीच गाली-गलौज हो गई थी। मोनू ने आयुष को भुगत लेने की धमकी दी। इसके बाद शनिवार की रात करीब 12 बजे मोनू उर्फ अंकित चौधरी अपने साथी कपिल पुत्र महेंद्र गौतमबुद्धनगर, अखिल पुत्र बिदु शामली, शेखर पुत्र सुनील घाट पांचली, दीपक पुत्र ओमवीर घाट पांचली, नवनीत पुत्र श्रवण सिंह हिसार, हरियाणा, अनुज उर्फ फौजी पुत्र सत्यपाल सिंह किठौली, अनुज पुत्र कृष्णपाल ड्रीम सिटी, सन्नी पुत्र वीरपाल नंगला मवाना तथा प्रवीन उर्फ परविंद्र पुत्र राज सिंह मुजफ्फरनगर के साथ दो स्कॉर्पियो कार में रिद्धि नशा मुक्ति केंद्र पर पर पहुंचें।
नशा मुक्ति केन्द्र संचालक विकास ने आरोप लगाए कि दो स्कॉर्पियो गाड़ियों से आए 15- 20 हमलावरों ने नशा मुक्ति केंद्र के ऑफिस पर उनके साथ हाथापाई और गाली-गलौज करते हुए लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। साथ ही, अनुज फौजी ने पिस्टल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इससे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। आधी रात को ताबड़तोड़ गोलियां चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग घरों से बाहर आ गए। इस पर हमलावर जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। इसके बाद वेदव्यासपुरी में फायरिंग की सूचना पर टीपी नगर थाना प्रभारी अरुण कुमार मिश्रा पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचें, लेकिन हमलावर भाग खड़े हुए। पुलिस ने घटनास्थल से प्वाइंटर 32 बोर के आठ खोखा कारतूस तथा हमले में प्रयुक्त दो स्कॉर्पियो कार बरामद की। इसके बाद रातभर ताबड़तोड़ दबिशें देकर दस हमलावरों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने अनुज उर्फ फौजी से प्वाइंट 32 बोर का लाइसेंसी पिस्टल भी बरामद किया है। अनुज उर्फ फौजी तथा उसके साथियों के खिलाफ 7 क्रिमिनल लॉ अबेटमेंट एक्ट और आयुष अधिनियम समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। रविवार को आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उनको न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
टीपी नगर थाना प्रभारी अरुण कुमार मिश्रा ने बताया कि लाइसेंसी पिस्टल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दशहत फैलाने के मामले में अजय उर्फ फौजी के सशस्त्र लाइसेंस को निरस्त किये जाने के लिए आला अफसरों से सिफारिश की जाएगी।
नशा मुक्ति केंद्र पर हमले में गिरफ्तार
पुलिस ने रिद्धि नशा मुक्ति केंद्र के ऑफिस पर हमले में मोनू उर्फ अंकित पुत्र वीरेंद्र व अनुज उर्फ फौजी पुत्र सत्यपाल सिंह निवासीगण किठौली थाना जानी, कपिल पुत्र महेंद्र निवासी पंचशील कालोनी, थाना बिसरख, गौतमबुद्धनगर, अखिल पुत्र बिट्टू निवासी गगन विहार, शामली, शेखर पुत्र सुनील व दीपक पुत्र ओमवीर निवासीगण घाट पांचली, नवनीत पुत्र श्रवण सिंह निवासी हिसार, हरियाणा, अनुज पुत्र कृष्णपाल निवासी ड्रीम सिटी, कंकरखेडा, सन्नी पुत्र वीरपाल निवासी नंगला मवाना तथा प्रवीन उर्फ परविंद्र पुत्र राज सिंह निवासी गांधी नगर, मुजफ्फरनगर प्रमुख हैं।
सीओ ब्रह्मपुरी सौम्या अस्थाना का कहना है कि टीपीनगर पुलिस को मध्य रात्रि में वेदव्यासपुरी में फायरिंग की सूचना मिली। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर दस अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। साथ ही, घटनास्थल आठ खोखा कारतूस, एक पिस्टल तथा दो स्कॉर्पियो गाड़ी कब्जे में ली है। अभियुक्तों पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
