Monday, May 20

न्यूटिमा प्रकरण में सपा विधायक अतुल प्रधान सहित उनके समर्थकों पर मुकदमा दर्ज

Pinterest LinkedIn Tumblr +

मेरठ 09 नवंबर (प्र)। मेरठ में सरधना सीट से सपा के विधायक अतुल प्रधान सहित उनके समर्थकों पर मेडिकल थाने में मुकदमा लिखा गया है। अतुल प्रधान पर आरोप लगा कि दो दिन पहले न्यूटिमा अस्पताल में बिल कम कराने पहुंचे थे, तभी हंगामा किया था। अस्पताल के सिक्योरिटी इंचार्ज केहर सिंह की तरफ से थाने में तहरीर दी गई। देर रात मेडिकल थाने में विधायक अतुल प्रधान समेत चार नामजद और 30-40 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। वहीं डीएम ने अस्पताल पर भी जांच बैठा दी है।

सपा विधायक अतुल प्रधान ने न्यूटिमा अस्पताल पर बिल और दवाओं की खरीद में गड़बड़ी का आरोप लगाया था। उन्होंने इस मामले में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक से इसकी शिकायत की थी। उपमुख्यमंत्री ने इस शिकायत पर मामले की जांच का निर्देश दिया। उपमुख्यमंत्री ने सीएमओ मेरठ को उक्त प्रकरण की जांचकर तीन दिन में रिपोर्ट देने के आदेश दिये हैं। सीएमओ ने कहा कि गुरुवार को एक टीम विस्तृत जांच करेगी। उसके बाद मामले की रिपोर्ट सौंपी जाएगी।

दौराला थाना क्षेत्र के मीरा गांव सीएमओ और स्वास्थ्य विभाग की टीम निवासी बेबी सोनम को 11 अक्तूबर ने जांच की। अस्पताल प्रबंधन के लोगों से भर्ती किया गया था। छह नवंबर को से जानकारी में जुटी रही। वहीं रात में बच्चे के पिता को अस्पताल का खर्चा अस्पताल के सिक्योरिटी इंचार्ज केहर सिंह की ओर से दी गई तहरीर के अनुसार दौराला थाना क्षेत्र के मीरा गांव निवासी बेबी सोनम को 11 अक्तूबर से भर्ती किया गया था। छह नवंबर को बच्चे के पिता को अस्पताल का खर्चा और डाक्टर की फीस जमा करने को कहा गया था। छह नवंबर की शाम को बच्चे के पिता, चाचा, दादा विधायक अतुल प्रधान और उनके 30-40 समर्थकों के साथ शोर-शराबा करते हुए अस्पताल में घुस गए। अस्पताल के स्टाफ के साथ बदतमीजी करने लगे और डाक्टर को बुलाने को कहा। डाक्टर व स्टाफ को मारने-पीटने की धमकी देने की भी शिकायत की। अस्पताल में मौजूद डाक्टरों के साथ बदतमीजी करने लगे। डाक्टरों में भय का माहौल व्याप्त हो गया। आरोप लगाया कि अस्पतालों में डाक्टरों को धमकाने की यह पहली घटना नहीं है। बिना बिल का भुगतान किये मरीज को ले जाने की पुरानी आदत बताया गया ।
एसएसपी ने बताया कि सिक्योरिटी इंचार्ज की इस तहरीर के आधार पर आईपीसी की धारा 147, 504, 506, 452, 269, 270, 271, 7 क्रीमिनल एक्ट 3ए उत्तर प्रदेश चिकित्सा सेवा अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

Share.

About Author

Leave A Reply