मेरठ 18 मार्च (प्र)। ईद-उल-फितर के मौके पर मेरठ रेंज में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। इस दौरान 460 ईदगाह और 1865 मस्जिदों में नमाज अदा की जाएगी। संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी की जाएगी।
त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पूरे रेंज को 23 जोन और 79 सेक्टर में विभाजित किया गया है। हर सेक्टर में पुलिस अधिकारियों की निगरानी में सुरक्षा व्यवस्था लागू रहेगी।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार मेरठ में 158 ईदगाह और 544 मस्जिदों, बुलंदशहर में 150 ईदगाह और 414 मस्जिदों, बागपत में 68 ईदगाह और 451 मस्जिदों तथा हापुड़ में 84 ईदगाह और 456 मस्जिदों में नमाज अदा की जाएगी।
5000 पुलिसकर्मियों की तैनाती
सुरक्षा व्यवस्था के तहत करीब 5000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। इसके अलावा 66 क्विक रिस्पांस टीम (QRT) भी गठित की गई हैं, जो किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई करेंगी।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था के तहत छह अपर पुलिस अधीक्षक, 22 क्षेत्राधिकारी, 95 निरीक्षक, 805 उपनिरीक्षक, 1100 मुख्य आरक्षी, 1360 आरक्षी, 1090 होमगार्ड/पीआरडी जवान तथा तीन कंपनी पीएसी की ड्यूटी लगाई गई है।
पुलिस महानिरीक्षक (DIG) मेरठ रेंज कलानिधि नैथानी ने सभी जनपद प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि किसी भी नई परंपरा की अनुमति न दी जाए और असामाजिक व साम्प्रदायिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाए। उन्होंने संवेदनशील और मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में ड्रोन कैमरों से निगरानी और पैदल गश्त बढ़ाने के निर्देश भी दिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि त्योहार को शांति और सौहार्द के साथ मनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए गए हैं।
शिया समुदाय की मस्जिदों में ईद की नमाज का वक्त जारी कर दिया गया है। 6 मस्जिदों में ईद की नमाज सुबह 8:00 से 9:00 के बीच होगी।
पुलिस ने सोशल मीडिया पर भड़काऊ या आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। साथ ही बाजारों, मॉल और भीड़भाड़ वाले इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश जारी किए गए हैं।
प्रशासन द्वारा शांति समिति, धर्मगुरुओं और स्थानीय लोगों के साथ बैठकें करके समन्वय स्थापित किया गया है, ताकि त्योहार को पारंपरिक और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जा सके।
