मेरठ 19 मार्च (प्र)। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ली और बुधवार रात में बूंदाबांदी से मौसम खुशगवार हो गया। मौसम विभाग के अनुसार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से अगले तीन दिनों तक क्षेत्र में बारिश, तेज हवाएं और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। इससे जहां तापमान में गिरावट आएगी, वहीं किसानों की फसलों पर संकट भी गहरा सकता है। फिलहाल अधिकतम तापमान 32.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 17.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। वहीं अधिकतम आर्द्रता 69 प्रतिशत और न्यूनतम 35 प्रतिशत रहने से वातावरण में नमी बढ़ गई है, जो बारिश के अनुकूल परिस्थितियां बना रही है। आज गुरुवार को आसमान में बादल छाए रहेंगे और हल्की बारिश होने की संभावना है। 20 मार्च शुक्रवार को मौसम और अधिक सक्रिय रहेगा, तेज बारिश के साथ आंधी चल सकती है। 21 मार्च शनिवार को सुबह के समय हल्की बारिश के बाद दोपहर तक मौसम साफ होने की उम्मीद है। इस दौरान कुछ इलाकों में ओले गिरने की भी आशंका जताई गई है।
विशेषज्ञों के मुताबिक इस समय गेहूं, सरसों और सब्जियों की फसलें पकने की अवस्था में हैं। ऐसे में ओलावृष्टि होने पर भारी नुकसान हो सकता है। तेज बारिश और हवाओं से फसले गिरने का खतरा भी बना रहेगा, जिससे उत्पादन पर असर पड़ सकता है।
किसानों के लिए सलाह
कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे फसलों की सुरक्षा के लिए पहले से इंतजाम कर लें। कटाई के लिए तैयार फसलों को जल्द सुरक्षित स्थान पर रखें और खेतों में पानी निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करें। हालांकि, बढ़ती गर्मी के बीच यह बदलाव आम लोगों के लिए राहत लेकर आएगा। तापमान में गिरावट से दिन और रात के मौसम में ठंडक महसूस होगी। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों से दूर रहें और तेज हवा या आंधी के समय सुरक्षित स्थानों पर शरण लें। पश्चिमी यूपी में अगले तीन दिन मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा जहां एक ओर गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं बारिश और ओले किसानों के लिए नई चुनौती बनकर सामने आ सकते हैं।
