मेरठ 02 फरवरी (प्र)। बहसूमा क्षेत्र के गांव महमूदपुर सिखेड़ा किशोरी के साथ दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने आरोपी युवक के माता-पिता को शांतिभंग की आशंका में गिरफ्तार कर 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है। साथ ही, गांव में तीसरे दिन भी तनावपूर्ण शांति बनी रही। पुलिस बल गांव की सीमाओं पर मुस्तैद रहा।
गांव महमूदपुर सिखेड़ा में 25 जनवरी की रात में अनुज सैनी गांव की एक किशोरी को बहला फुसलाकर ले गया था। किशोरी को नशीला पदार्थ पिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। रात में तीन बजे आरोपी युवक की मां युवती को बदहवास हालत में उसके घर छोड़कर आई थी। इस पर पीड़िता के परिजन जब आरोपी युवक के घर शिकायत लेकर पहुंचे थे तो उनके साथ गाली-गलौज तथा पुलिस में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी देने के आरोप लगाए गए थे। दुष्कर्म पीड़िता को पहले कस्बा मवाना में डा. अनिल खन्ना तथा उसके बाद मेडिकल कालेज में गंभीर हालत में भर्ती कराया था। किशोरी के भाई ने आरोपी युवक अनुज सैनी, उसके भाई रवि सैनी, पिता ओमप्रकाश व मां मुंदरी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
रिपोर्ट में आरोप लगाए गए थे दुष्यकर्म की घटना में अनुज सैनी के अलावा अन्य भी शामिल हैं। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भेज दिया था मेडिकल कालेज में 30 जनवरी की शाम किशोरी की मृत्यु हो गई थी। पोस्टमार्टम के बाद रात में ही शव पुलिस सुरक्षा के बीच गांव ले जाया गया था। भीड़ जुटने की संभावना पर गांव की सीमाएं सील कर दी गई थी। 31 जनवरी को मृतका का दाह संस्कार किया था। रविवार को भी गांव महमूदपुर सिखेड़ा की सीमाएं सील रही आधार कार्ड और अन्य आईडी देखकर ही गांव में आने-जाने दिया जा रहा है। बाहरी लोगों का गांव में पूरी तरह प्रवेश प्रतिबंधित है। निषेधाज्ञा लागू होने की जानकारी दी जा रही है। राजनीतिक दलों के नेताओं तथा मीडियाकर्मियों के गांव में प्रवेश पर प्रतिबंध रहा। सीओ मवाना पंकज लवानिया पुलिस बल के साथ गांव में कैंप किए हुए हैं। शाम के समय एसपी देहात अभिजीत कुमार ने भी गांव महमूदपुर सिखेड़ा का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
उधर, बहसूमा थाना प्रभारी प्रतिभा सिंह ने बताया कि किशोरी से दुष्कर्म के आरोपी अनुज सैनी पहले ही जेल भेजा जा चुका है। शनिवार को आरोपी के पिता ओमवीर तथा माता मुंदरी को गिरफ्तार कर मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया, जहां से उनको 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
आसपा नेताओं को रोका
गांव महमूदपुर सिखेड़ा में पीड़ित परिजनों से मिलने जा रहे आजाद समाज पार्टी के नेताओं को सीमाओं पर रोक दिया। नेताओं ने कहा कि वे पीड़ित परिवार का दुख साझा करने जा रहे हैं, इसलिए उनको गांव में जाने दिया जाए नेताओं ने कहा कि गांव में इमरजेंसी थोड़ा लग रही है, जो उनको गांव में जाने से रोका जा रहा है, लेकिन पुलिस ने उनकी एक न सुनी। आखिरकार काफी जद्दोजहद के बाद आसपा नेता वापस लौट गए।
सपा नेता से नोकझोंक
गांव महमुदपुर सिखेड़ा में पीड़ित परिवार से मिलने को लेकर सपा नेता किशोर वाल्मीकि व प्रदेश सचिव सरदार नरवैल सिंह खालसा की पुलिस से गांव की सीमा पर तीखी नोकझोंक हुई। इसके बाद किसी तरह किशोर वाल्मीकि तथा सरदार नरवैल सिंह पीडित परिवार से मिलने पर सफल हुए। उन्होंने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदनाएं प्रकट की। किशोर वाल्मीकि ने मांग की आरोपी पर सख्त कार्रवाई हो, सरकार पीड़ित परिवार की 50 लाख की आर्थिक मदद करें। सोमवार को मृतका का तीजा है, इसलिए पुलिस रिश्तेदार व संबंधी को गांव में दें। इस दौरान धीरज कश्यप, संदीप जाटव भी मौजूद रहे।
