मेरठ 25 अप्रैल (प्र)।जानी थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने लोन दिलाने का झांसा देकर ठगी करने वाले एक शातिर ठग सिवालखास निवासी मोहम्मद जमील को गिरफ्तार किया है। फर्जी विज्ञापन के माध्यम से लोगों को लोन दिलाने का झांसा देकर लाखों की ठगी आरोपी कर चुका है। आरोपी ने यूपी के साथ-साथ छत्तीसगढ़ और राजस्थान में भी ठगी की है। इसके साथियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।
पुलिस लाइन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीओ क्राइम शुचिता सिंह ने बताया कि साइबर क्राइम के समन्वय पोर्टल की सहायता से जानी व साइबर सेल की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा फर्जी तरीके से ऑनलाइन लोन दिलाने के नाम पर लोगों से रुपयों की ठगी करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया गया। जिसमें सिवालखास का मोहम्मद जमील गिरफ्तार हुआ है। जिसके कब्जे से दो मोबाइल और होंडा सिटी कार भी बरामद हुई है।
सीओ शुचिता सिंह ने बताया कि साइबर क्राइम सेल में तैनात साजुद्दीन के द्वारा समन्वय पोर्टल के प्रतिबिंब टैब पर चेक किया गया तो सामने आया कि रियलमी 6 मोबाइल पर साइबर से संबंधित तीन शिकायत आई। जांच में सामने आया है कि सोशल मीडिया पर विज्ञापन में अपना फर्जी मोबाइल नंबर देकर लोन देने का झांसा देते हैं और जिन लोगों को लोन की आवश्यकता होती हैं वे लोग उन फर्जी नंबरों पर कॉल करके संपर्क करते हैं।
इस पर साइबर अपराधी अपने आप को जीवन फाइनेंस कंपनी के अधिकारी व कर्मचारी बताकर लोन स्वीकृत करने के लिए उन व्यक्तियों से उनके आधार कार्ड, पैनकार्ड, व्हाट्सएप के माध्यम से प्राप्त कर लेते हैं और फिर फाइल चार्ज इत्यादि के नाम पर संचालित किए जा रहे षड्यंत्र के तहत खाताधारकों से खरीदे गए बैंक खातों में उन व्यक्तियों से धनराशि जमा करा लेते हैं।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अपने एक अन्य साथी राशिद निवासी ग्राम सिवालखास के साथ मिलकर जीवन फंडिंग कंपनी के नाम से व्हाट्सएप पर अलग-अलग व्यक्तियों को लोन दिलाने के नाम पर ठगी कर लेते थे। ठगी का रुपया फोन पे, गूगल पे के माध्यमों से विभिन्न अकाउंट में डलवा लेते थे। यह ठगी का काम दो सालों से कर रहे थे। अब तक लाखों रुपये की ठगी कर चुके है। इसके अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए भी पुलिस दबिश दे रही है। आरोपी ने बताया कि इसके खिलाफ मुजफ्फरनगर, मथुरा, मुरादाबाद, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में भी कई मुकदमे दर्ज है।
