मेरठ 15 अप्रैल (प्र)। कचहरी में लगातार बम धमाके की धमकी व आपराधिक घटनाओं के बाद सुरक्षा इंतजाम पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। अब कचहरी परिसर में प्रवेश से पहले हर व्यक्ति व उनके सामान की जांच की जाएगी। इसको लेकर न्यायिक, पुलिस व बार अधिकारियों की बैठक में सहमति बनी है।
इससे पर्व चार अप्रैल को न्यायिक अधिकारी, बार पदाधिकारी, पुलिस व यातायात पुलिस अधिकारियों ने कचहरी परिसर का निरीक्षण कर उन कमजोर कड़ियों को सूचीबद्ध किया गया, जहां से सुरक्षा में सँध लग सकती है। चारों संस्थाओं के जिम्मेदार लोगों ने बैठकर कचहरी को सुरक्षित रखने का खाका तैयार किया है। सहमति बनी कि कचहरी में प्रवेश करने वाले हर व्यक्ति व उसके सामान की बारीकी से जांच की जाएगी।
असुरक्षित है कचहरी परिसर
मेरठ कचहरी बेहद असुरक्षित है। परिसर की बाउंड्री तोड़कर दर्जनों रास्ते बना लिए गए हैं। इनका प्रयोग विभिन्न मार्ग पर बाईपास के रूप में किया जा रहा है। कचहरी के हर गेट पर कोई सुरक्षा इंतजाम नहीं हैं। बड़े अपराधी, माफिया व शातिर की पेशी के दौरान उनके करीबी हथियार लेकर कचहरी में मंडराते रहते हैं। बेखौफ न्यायालय के बाहर, कचहरी में अंदर व बाहर लगातार लोगों को हथियार दिखाकर धमकी दी जा रही है। इस साल दो बार कचहरी को बम से उड़ाने की धमकी दी जा चुकी है।
कचहरी में सुरक्षा के लिए यह किए जाएंगे इंतजाम
सैनिक कल्याण बोर्ड, जिला बार व कलक्ट्रेट प्रवेश द्वार पर लगाया जाएगा मैटल डिटेक्टर ।
कचहरी में बनाए गए अवैध रास्तों को कराया जाएगा बंद।
सादी वर्दी में पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे, वह संदिग्धों की करेंगे जांच।
औचक छापेमारी कर संदिग्धों व वाहनों की होगी जांच।
बड़े माफिया, गैंग्सटर की पेशी से पूर्व किए जाएंगे विशेष सुरक्षा बंदोबस्त
चौपहिया व दुपहिया वाहनों को न्यायालय परिसर से रखा जाएगा दूर।
कचहरी आने वाले अधिवक्ता व कलक्ट्रेट कर्मचारियों व वाहनों को जारी किए जाएंगे पास।
मुख्य द्वारों पर लगाई जाएंगी स्कैनिंग मशीन ।
एलेक्जेंडर एथलेटिक क्लब के पास वाले प्रवेश द्वार पर भी मैटल डिटेक्टर से की जाएगी जांच।
हनुमान मंदिर के सामने वाले गेट से हटाए जाएंगे ई-रिक्शा और टेंपो ।
कचहरी परिसर में पुलिस चौकी के पास बनाई जाएगी मल्टी लेबल पार्किंग।
मेरठ बार अपनी और से भी कचहरी में लगाएगा सीसीटीवी कैमरे।
मेरठ बार एसोसिएशन अध्यक्ष अनुज कुमार शर्मा का कहना है कि कचहरी परिसर की सुरक्षा को लेकर बनाई जा रही योजना पर जल्द काम शुरू किया जाएगा। इस संबंध में जिला जज, पुलिस, यातायात पुलिस से समन्वय बनाया जा रहा है।
धमाके की धमकी मामले की जांच में कोई प्रगति नहीं
कचहरी में बुधवार एक अप्रैल को दोपहर 1.10 बजे 13 बम धमाके की धमकी देने का ई-मेल मिला था। इसके बाद कचहरी स्थित सभी कोर्ट को खाली कराकर सर्च अभियान चलाया गया था। धमकी भरा ईमेल तमिलनाडु की निर्वासित सरकार के नाम से भेजा गया था। मामले में सिविल लाइंस थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
इससे पहले भी कचहरी में बम धमाके की धमकी देने की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। दोनों ही मामलों में अभी तक धमकी देने वाले आरोपितों का पुलिस पता नहीं लगा पाई है। पुलिस का कहना है कि जिस ईमेल से धमकी दी गई है, संबंधित कंपनी को ईमेल भेजा गया है। धमकी भेजने वाली ईमेल से संबंधित तमाम जानकारी मांगी गई है। इंस्पेक्टर सौरभ शुक्ला ने बताया कि अभी तक कंपनी की ओर से जानकारी नहीं मिल पाई है। इसी कारण जांच में प्रगति नहीं हो पाई है।
