मेरठ 07 जनवरी (प्र)। ठंड के आगे धूप बेअसर साबित हो रही है। मंगलवार को दिन का अधिकतम तापमान सीजन का दूसरा सबसे कम आंका गया। यह 15.1 डिग्री सेल्सियस रहा। ठंडी हवाओं की रफ्तार बेहद कम थी फिर भी लोग कंप-कंपाते नजर आए। शीत दिवस कोल्ड डे जैसे हालात रहे।
दिनभर चली शीतलहर और गलन से ठिठुरन बढ़ती रही। सुबह और शाम के समय ठंड का असर सबसे ज्यादा महसूस किया गया। खुले स्थानों पर काम करने वाले लोग और राहगीर ठंड से परेशान दिखे। बाजारों और सड़कों पर लोगों की आवाजाही भी कम रही। शहर में अधिकतम तापमान में 3.5 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई।
मौसम विज्ञानियों ने आगामी 10 दिन सर्दी के लिहाज से सबसे तल्ख रहने वाले हैं। मंगलवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक खराब की श्रेणी में पहुंच गया। शाम चार बजे यह 257 रहा। दोपहर 12 बजे के बाद पीएम 2.5 की मात्रा 320 माइक्रोग्राम से अधिक रही। देर रात इसमें और वृद्धि देखी गई। पहाड़ों की ठंड हवाओं के साथ मैदानी क्षेत्रों में उतर आई है।
मंगलवार को हवाएं मंद थी इसके बावजूद शाम के बाद ठंड से बाहर निकले लोगों को बुरा हाल रहा। शाम साढ़े पांच बजे तापमान गिर कर 13 डिग्री पहुंच गया। सामान्य रूप से जब अधिकतम तापमान 16 डिग्री से कम और सामान्य से चार डिग्री कम हो तो कोल्ड डे की स्थिति होती है।
मंगलवार को अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम रहा। सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय के मौसम केंद्र के प्रभारी डा. यूपी शाही ने बताया कि आगामी 10 दिन ठंड के लिहाज से बेहद चुनौती पूर्ण हैं। लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। दिन में भी तापमान 10 से 14 डिग्री से अधिक नहीं रहेगा।
सोमवार को शहर का एक्यूआई 189 दर्ज किया गया था, जो मंगलवार को बढ़कर 260 के स्तर पर पहुंच गया। नए साल की शुरुआत से ही प्रदूषण का स्तर खराब श्रेणी में बना हुआ है। मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही का कहना है कि आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट हो सकती है, जिससे ठंड का असर और बढ़ेगा।
