मेरठ 14 मार्च (प्र)। शादी के एक माह बाद डेरी संचालक की जहर से मौत हो गई। परिवार के लोगों ने थाने पर हंगामा कर पत्नी पर जहर देने का आरोप लगाया, जबकि पत्नी की तरफ से दी तहरीर में भाइयों के उत्पीड़न से तंग आकर पति के जहर खाने की बात कही गई है। दोनों तरफ से आई तहरीर पर पुलिस जांच कर रही है। पुलिस ने हिरासत में ली गई पत्नी और सास को छोड़ दिया है।
मूलरूप से परीक्षितगढ़ के गांव अगवानपुर निवासी आकाश कुमार का परिवार टीपीनगर क्षेत्र में मलियाना के पास रविदास कालोनी में रहता है। चार फरवरी को आकाश की शादी हस्तिनापुर क्षेत्र के गांव राठौड़ा खुर्द निवासी राधिका से हुई है। नौ मार्च को बदहवास हालत में आकाश घर के अंदर मिला था। परिवार के लोगों ने उसे सुभारती मेडिकल कालेज में भर्ती कराया।
चिकित्सक ने बताया कि जहर खाने से आकाश की तबीयत बिगड़ी है। गुरुवार की शाम पांच बजे आकाश ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बड़े भाई मोनू ने बताया कि आकाश की मौत की खबर पता चलने के बाद राधिका अपनी मां के साथ घर की दीवार कूद कर निकल गई। परिवार के लोगों ने पुलिस को मामले की जानकारी दी।
पुलिस की मदद से बागपत रोड पर हरि मंडप के पास राधिका और उसकी मां को पकड़कर थाने लाया गया। दो घंटे की पूछताछ के बाद दोनों को छोड़ दिया। शुक्रवार सुबह आकाश की मां हरवीरी ने परिवार के साथ टीपीनगर थाने में पहुंचकर हंगामा कर दिया। उनका आरोप है कि राधिका ने ही आकाश को जहर देकर मारा है।
आकाश को शुरू से ही राधिका के चरित्र पर शक था। मोनू ने बताया कि राधिका शादी से पहले दो बार प्रेमी के संग जा चुकी थी। उसी वजह से आकाश मानसिक तनाव में आ गया था। उधर, राधिका की तरफ से आकाश के दो भाइयों के खिलाफ तहरीर दी गई। आरोप लगाया कि पारिवारिक कलह के चलते ही आकाश ने जहर खाया है। दोनों बड़े भाई हिस्सेदारी को लेकर उसे परेशान कर रहे थे।
इंस्पेक्टर अरुण मिश्रा ने बताया कि जांच की जा रही है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि पारिवारिक विवाद के चलते ही आकाश ने जहर खाया है। फिलहाल किसी भी पक्ष की तरफ से मुकदमा नहीं लिखा है। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिवार को सौंप दिया।
