मेरठ 22 अप्रैल (प्र)। सेटबैक छोड़ने के विरोध में शास्त्रीनगर सेक्टर दो में महिलाओं का धरना मंगलवार को लगातार 12वें दिन भी जारी रहा। महिलाएं भाजपा जनप्रतिनिधियों के धरनास्थल पर पहुंचने का इंतजार करती रहीं। उम्मीद टूटने के बाद शाम छह बजे महिलाओं ने प्रेसवार्ता की। कहा, भारतीय जनता पार्टी के प्रति उनके विश्वास और व्यापार की मौत हो गई है। हिंदू रीति रिवाज के अनुसार मौत होने पर तेरहवीं की जाती है। इसलिए बुधवार को सुबह 10 बजे हवन करेंगे। दोपहर में 12 बजे ब्रह्मभोज होगा और तीन बजे शोकसभा होगी।
दो दिन पहले महिलाओं ने यह ऐलान किया था कि अगर भाजपा के जनप्रतिनिधि उनसे मिलने नहीं आएंगे तो आगामी रणनीति की घोषणा करेंगी। उसी क्रम में प्रेसवार्ता कर कहा है कि हमने भाजपा के जनप्रतिनिधियों का इंतजार किया । यहां तक व्यापारिक संगठनों और विपक्षी राजनीतिक दलों के लोगों को भी धरनास्थल पर आने से मना कर दिया था। अब बुधवार से हमारे हितों के समर्थन में जो भी लोग संगठन और विपक्षी राजनीतिक दल आएंगे. हम उनका स्वागत करेंगे। सेंट्रल मार्केट में 300 संपत्तियां ऐसी हैं जो 25, 38 और 65 वर्ग मीटर की हैं। इनमें रह रहे लोगों का कहना है कि इतने छोटे मकानों का अगर सेटबैक छोड़ा गया तो उनके कमरे किचन और शौचालय टूट जाएंगे कई मकान तो ऐसे हैं जिनके पूरा टूटने का खतरा है।
महिलाएं इन दुर्बल आय वर्ग के आवासों में सेटबैंक छोड़ने की कार्रवाई का विरोध कर रही हैं। प्रेसवार्ता में राधा गुप्ता, शीतल पुजानी, शालिनी शर्मा, राजकुमारी इंदु प्रेमलता मौजूद रहीं।
जिन्हें वोट दिया, उनसे अपेक्षा थी कि हमारी बात सुनें
महिलाओं ने कहा कि उन्होंने जिन जनप्रतिनिधियों को वोट दिया और जिताया था उनसे अपेक्षा की थी वह हमारी बात सुनने आएं, लेकिन कोई नहीं आया। हमारा व्यापार समाप्त हो गया है अब घर टूटने की नौबत है। महिलाओं ने कहा कि पुलिस ने उनसे कहा था कि धरनारत महिलाओं और उनके पतियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। महिलाओं ने ऐलान किया कि जब तक व्यापार और मकान सुरक्षित रहने का लिखित में आश्वासन नहीं मिलता, अपना धरना समाप्त नहीं करेंगी अपने हितों की रक्षा के लिए जो भी कुछ करना पड़ेगा वह करेंगी।
पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों ने की व्यापारियों से वार्ता
महिलाओं की प्रेसवार्ता के बाद एडीएम सिटी कार्यालय में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थानीय व्यापारियों से वार्ता की। एडीएम सिटी ब्रजेश सिंह और एसपी सिटी ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला दिया। महिलाओं ने बुधवार को भाजपा के प्रति अपने विश्वास और व्यापार की तेरहवीं मनाने की घोषणा की है। अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की घोषणा से माहौल खराब हो सकता है।
नहीं उठा मंत्री- सांसद का फोन
धरनारत महिलाओं के निर्णय के संबंध में क्षेत्रीय विधायक व प्रदेश के ऊर्जा राज्य मंत्री डा. सोमेन्द्र तोमर और सांसद अरुण गोविल से बात करने का प्रयास किया गया लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। उनके वाट्सएप पर मैसेज भी डाला गया लेकिन कोई जवाब नहीं आया।
